View Full Version : फंतासी अन-एक्सप्लोर्ड - अनबुझी स्वप्निल कामनाओं के शहर की यात्रा
sonie
27-01-2011, 04:10 PM
फंतासी अन-एक्सप्लोर्ड - अनबुझी स्वप्निल कामनाओं के शहर की यात्रा
- मित्रों - फंतासी मरुस्थल में छुपा वो जल-क्षेत्र है जिसकी चाह हम में से हर किसी के मन में है... फंतासी के उस स्वप्निल शहर की यात्रा पर आमंत्रित कर रही हूँ आप सब को... आयें और रखें अपनी फंतासी के शब्द चित्र...
Pooja1990 QUEEN
27-01-2011, 04:32 PM
foram ke niyamako prasasako guru ji or kuch mitro ke sath ek cup cofee pine ka khab dekti hu .jo kabi b pura nahi ho payega. mere kuch mitro ke nam hai........:. DRACULLA JI. TIGERLOVE. PANKAJBEDRDI. ANU OBERAI. HAMSAFER. d
Noctis Lucis
27-01-2011, 04:43 PM
foram ke niyamako prasasako guru ji or kuch mitro ke sath ek cup cofee pine ka khab dekti hu .jo kabi b pura nahi ho payega. mere kuch mitro ke nam hai........:. DRACULLA JI. TIGERLOVE. PANKAJBEDRDI. ANU OBERAI. HAMSAFER. d
:tuta-dil::tuta-dil:
sonie
27-01-2011, 05:23 PM
foram ke niyamako prasasako guru ji or kuch mitro ke sath ek cup cofee pine ka khab dekti hu .jo kabi b pura nahi ho payega. mere kuch mitro ke nam hai........:. DRACULLA JI. TIGERLOVE. PANKAJBEDRDI. ANU OBERAI. HAMSAFER. d
फंतासी स्वप्नलोक के उस शहर में अवश्य पूरी होंगी... जरा डिटेल में कल्पना करें... कहाँ पे आप बैठी होंगी... रेस्तोरा... बगीचा... आपका ड्राइंग रूम या बेड रूम ... कौन कौन होंगे... आपके दाएँ तरफ किसे बैठना चाहेंगी.. किसे बांयी और.. सामने कौन होगा... आप क्या पहने होंगी... मोडर्न खुली ड्रेस... उभर झलकते हुए या पूरी तरह खुले.. टेबल गोल या चोकोर... कोफी कैसी हो... सिर्फ पुरुस मित्र या लड़कियां भी.. काफी पिटे हुए वार्तालाप का विषय क्या होगा... सेक्स.. अध्यात्म... साहित्य.. फ़िल्मी.. कैसा महसूस कर रही होंगी... जब कोई पुरुष मित्र आपकी सुन्दरता या सुडौल अंगो की बड़ाई करेगा... !!!!!!!!!!!!!१?????????????
sonie
27-01-2011, 05:24 PM
इस ग़रीब को भूल गयी .....
:tuta-dil::tuta-dil:
आप अपनी फंतासी बयां करें... वहां आशा करती हूँ पूजा जरुर होगी... अपने मस्त खिलंदड़े अंदाज में...
akamboj2000
27-01-2011, 05:28 PM
foram ke niyamako prasasako guru ji or kuch mitro ke sath ek cup cofee pine ka khab dekti hu .jo kabi b pura nahi ho payega. mere kuch mitro ke nam hai........:. DRACULLA JI. TIGERLOVE. PANKAJBEDRDI. ANU OBERAI. HAMSAFER. d
mere sath cofee piyogi?
akamboj2000
27-01-2011, 05:30 PM
फंतासी स्वप्नलोक के उस शहर में अवश्य पूरी होंगी... जरा डिटेल में कल्पना करें... कहाँ पे आप बैठी होंगी... रेस्तोरा... बगीचा... आपका ड्राइंग रूम या बेड रूम ... कौन कौन होंगे... आपके दाएँ तरफ किसे बैठना चाहेंगी.. किसे बांयी और.. सामने कौन होगा... आप क्या पहने होंगी... मोडर्न खुली ड्रेस... उभर झलकते हुए या पूरी तरह खुले.. टेबल गोल या चोकोर... कोफी कैसी हो... सिर्फ पुरुस मित्र या लड़कियां भी.. काफी पिटे हुए वार्तालाप का विषय क्या होगा... सेक्स.. अध्यात्म... साहित्य.. फ़िल्मी.. कैसा महसूस कर रही होंगी... जब कोई पुरुष मित्र आपकी सुन्दरता या सुडौल अंगो की बड़ाई करेगा... !!!!!!!!!!!!!१?????????????
wah sonie ji dat deni pdegi apki kalpna shakti ki
Pooja1990 QUEEN
27-01-2011, 06:02 PM
ok sonie ji muje fasa diya bhooke garibo ke beech.me ans post karugi.
draculla
27-01-2011, 06:07 PM
foram ke niyamako prasasako guru ji or kuch mitro ke sath ek cup cofee pine ka khab dekti hu .jo kabi b pura nahi ho payega. mere kuch mitro ke nam hai........:. DRACULLA JI. TIGERLOVE. PANKAJBEDRDI. ANU OBERAI. HAMSAFER. d
धन्यवाद पूजा जी मुझे अपनी मित्र मंडली में स्थान देने के लिए/मुझे भी अफ़सोस रहेगा की आप जैसे मित्र से मैं कभी भी नहीं मिल पाउँगा.आप यदि पुरुष होती तो मिलाने की संभावना ९९% होती/लेकिन यहाँ पर मामला ही कुछ अलग है/कोई बात नहीं बस यहाँ पर ही मुलाकात करते रहे/यही मेरे लिए काफी है.फिर से धन्यवाद
Pooja1990 QUEEN
27-01-2011, 06:17 PM
ya. kyo nahi draculla ji. jab tak foram hai tab tak pooja aapko milti rahegi.
Pooja1990 QUEEN
27-01-2011, 06:31 PM
sankisa farrukhabad ke 5 star hotel IMPAC ke gest room me cofeei pina chahugi. chokor table par aamne samne me or guru ji. meri ek taraf anu or dusri taraf draculla ji.or aamne samne jo jagah bachi usme niyamak or mitra baithe. me sadi pahnugi...sex par bate hogi.bye. m
marwariladka
27-01-2011, 06:49 PM
foram ke niyamako prasasako guru ji or kuch mitro ke sath ek cup cofee pine ka khab dekti hu .jo kabi b pura nahi ho payega. mere kuch mitro ke nam hai........:. DRACULLA JI. TIGERLOVE. PANKAJBEDRDI. ANU OBERAI. HAMSAFER. d
mujhe kaise bhul gayi yaar????
Pooja1990 QUEEN
27-01-2011, 07:00 PM
sorry jiska nam rah gaya ho bo lik le. meri friend list ke sare nam.
akamboj2000
27-01-2011, 07:37 PM
ok sonie ji muje fasa diya bhooke garibo ke beech.me ans post karugi.
पूजा किसी को नीचा दिखा कर कुछ हासिल नही होता
sonie
27-01-2011, 11:09 PM
पूजा किसी को नीचा दिखा कर कुछ हासिल नही होता
प्लीज़ कोई किसी को नीचा नहीं दिखा रहा है... आप सोचिये पूजा जी पहली व्यक्ति हैं जिन्होंने अपनी फंतासी को शब्द दिए...
sonie
27-01-2011, 11:13 PM
mujhe kaise bhul gayi yaar????
शिकायतें क्यों...? ये तो उनकी एक फंतासी हुई... जिसमे कुछ दोस्तों के साथ वे कोफ़ी पीना चाहती हैं... अब काफी मीट में हर किसी को नहीं चाहती हैं... शायद गुरूजी के साथ कुछ एटिकेट मेंटेन करना चाहती हों... अगली पार्टी में शायद आप हों और शायद वो भी अकेले... हो सकता है काफी की जगह शेम्पेन हो...
इंतजार करें मित्र... अपनी फंतासी लिखें... उसमे पूजा को आप कहाँ और कैसे मिलना चाहते हैं लिखें.... !!!!!
Pooja1990 QUEEN
28-02-2011, 03:35 PM
soni ji kaha ho.
SUNIL1107
15-03-2011, 03:08 PM
सोनी जी इतने शानदार सूत्र निर्माण की बधाई ! कृपया निवेदन है कि सूत्र पर सर्व प्रथम तो सुत्रधारक को ही अपनी कामना व्यक्त करनी चाहिए ! आशा है निराश नहीं करेंगीं !
slimsima
19-04-2011, 01:03 PM
कृपया इस सूत्र पर अपनी राय दे
dfd_007
23-04-2011, 11:29 PM
में अपनी बीवी साथ सेक्स करना चाहूँगा . उसकी माँ मेरा लंड चूसे और मेरी बीवी उसकी छूट में ऊँगली करे . दूसरी फंतासी में में अपनी कामवाली की मुलायम गांड को उसके पति के सामने खोल कर मारूंगा .उसका पति मुझे उसके स्तनों का दूध पिलाये तो मज़ा आ जाये
Pooja1990 QUEEN
24-04-2011, 10:08 AM
पूजा जी मै आपको *** चाहता हूँ । क्या आपसे मुलाक़ात हो सकती है । मुझे आपके जवाब का इंतज़ार है ।
आपकी ****के इंतज़ार मे , **** पकड़े हुए आपका अपना
नहीं कबी नहीं मेरे दोस्त
...........,,,,,,,,,//
नहीं नहीं
slimsima
24-04-2011, 02:46 PM
फंतासी अन-एक्सप्लोर्ड - अनबुझी स्वप्निल कामनाओं के शहर की यात्रा
- मित्रों - फंतासी मरुस्थल में छुपा वो जल-क्षेत्र है जिसकी चाह हम में से हर किसी के मन में है... फंतासी के उस स्वप्निल शहर की यात्रा पर आमंत्रित कर रही हूँ आप सब को... आयें और रखें अपनी फंतासी के शब्द चित्र...
ये सूत्र मुझे बेहद पसंद हर किसी के जीवन में कुछ सपने ऐसे होते हे जो वो पुरे करना चाहता हे पर वो नामुमकिन से होते हे कई बार इस सूत्र पर आपनी बात लिखना चाहती हु पर कुछ सपने ऐसे होते जो बस हम अपने लिए ही देखना चाहते हे किसी के साथ बाँटना नहीं चाहते हम आपनी रोज़मर्रा की जिंदगी जीते हुए किसी को अपने सपनो का अहसास भी नहीं होने देना चाहते बस ऊन सपनो का अहसास ही हमारी रूह को अन्दर तक छु जाता हे
'' जोगियां दे कन्ना विच कंच्च दियां मुंदरा
मुंदरा दे विच्चों तेरा मुंह दिसदा
वे में जेड़े पास देक्खा मेनू तू दिसदा''
Pooja1990 QUEEN
24-04-2011, 04:21 PM
ये सूत्र मुझे बेहद पसंद हर किसी के जीवन में कुछ सपने ऐसे होते हे जो वो पुरे करना चाहता हे पर वो नामुमकिन से होते हे कई बार इस सूत्र पर आपनी बात लिखना चाहती हु पर कुछ सपने ऐसे होते जो बस हम अपने लिए ही देखना चाहते हे किसी के साथ बाँटना नहीं चाहते हम आपनी रोज़मर्रा की जिंदगी जीते हुए किसी को अपने सपनो का अहसास भी नहीं होने देना चाहते बस ऊन सपनो का अहसास ही हमारी रूह को अन्दर तक छु जाता हे
'' जोगियां दे कन्ना विच कंच्च दियां मुंदरा
मुंदरा दे विच्चों तेरा मुंह दिसदा
वे में जेड़े पास देक्खा मेनू तू दिसदा''
इसका अर्थ बी बताये सीमा जी तो मजा आये
slimsima
24-04-2011, 04:47 PM
पूजा जी ये एक बहुत ही प्रसिद्द पंजाबी लोकगीत हे शायद ये ससी पुन्नू के प्रेमी जोड़े के लिए लिखा गया था इसके माने हे-- इसमें एक नाइका अपने प्रियतम को याद करती हे और उसको एक जोगी दीखता हे उसने अपने कान में जो बुँदे पहने हे उसमे कांच जडा हुआ हे और उसमे उस नाइका को अपने प्रियतम की छवि दिखाई देती हे
sonie
25-04-2011, 08:15 PM
ये सूत्र मुझे बेहद पसंद हर किसी के जीवन में कुछ सपने ऐसे होते हे जो वो पुरे करना चाहता हे पर वो नामुमकिन से होते हे कई बार इस सूत्र पर आपनी बात लिखना चाहती हु पर कुछ सपने ऐसे होते जो बस हम अपने लिए ही देखना चाहते हे किसी के साथ बाँटना नहीं चाहते हम आपनी रोज़मर्रा की जिंदगी जीते हुए किसी को अपने सपनो का अहसास भी नहीं होने देना चाहते बस ऊन सपनो का अहसास ही हमारी रूह को अन्दर तक छु जाता हे
'' जोगियां दे कन्ना विच कंच्च दियां मुंदरा
मुंदरा दे विच्चों तेरा मुंह दिसदा
वे में जेड़े पास देक्खा मेनू तू दिसदा''
क्या कोई गुन्जाईस नहीं कि आप अपने उन रंगीन दिलकश सपनो को बाँट सकें... वो सपने जो आपके मन उअर प्राणों में एक संगीत सा जागते हैं कुछ हमारे अन्दर भी गुनगुना जाएँ...
उनकी आँखों में उनकी ही तस्वीर नजर आती है
उनसे पूछती हूँ तो कहते हैं कि मैं हूँ वो
क्या आईने में अपनी शक्ल महबूब कि झलक दिखलाती है..
sonie
25-04-2011, 08:20 PM
नहीं नहीं
कहते हैं औरत कि ना में हाँ होती है...
पहले तो नहीं मानती थी मगर जितनी बार भी अपने प्रेमी के साथ होती हूँ और वो चोदने कि फरमाइश करता है ना ना भी करती रहती हूँ और मजे लेकर चुद्वाती भी हूँ...
sonie
25-04-2011, 08:24 PM
में अपनी बीवी और उसकी माताजी के साथ एक साथ सेक्स करना चाहूँगा . उसकी माँ मेरा लंड चूसे और मेरी बीवी उसकी छूट में ऊँगली करे . दूसरी फंतासी में में अपनी कामवाली की मुलायम गांड को उसके पति के सामने खोल कर मारूंगा .उसका पति मुझे उसके स्तनों का दूध पिलाये तो मज़ा आ जाये
प्रियवर, आपकी फंतासी का पूरी तरह सम्मान करते हुए कहना चाहूंगी कि नियामक गण कही इस सूत्र को अगम्याग्म्य में न भेज दें... हालाँकि फंतासी फंतास्सी है और इन्सेस्ट फंतासी का हिस्सा हो सकता है... मगर फोरम के नियम शायद इजाजत न दें..
slimsima
25-04-2011, 10:48 PM
उनकी आँखों में उनकी ही तस्वीर नजर आती है
उनसे पूछती हूँ तो कहते हैं कि मैं हूँ वो
क्या आईने में अपनी शक्ल महबूब कि झलक दिखलाती है.. बिलकुल दिखलाती हे जी
sonie
26-04-2011, 01:42 PM
उनकी आँखों में उनकी ही तस्वीर नजर आती है
उनसे पूछती हूँ तो कहते हैं कि मैं हूँ वो
क्या आईने में अपनी शक्ल महबूब कि झलक दिखलाती है.. बिलकुल दिखलाती हे जी
कौन है वो खुशनसीब
जिसकी झलक आपको आइना दिखलाता है
कौन है वो फरिस्ता
जिसकी आँखों में आपका अक्श बस जाता है
कौन है वो सजीला
जिसकी याद में आपकी चूत बहने लगती है
कौन है वो रसीला
जिसके मलाईदार रस को पिने आपकी जीभ चटखारे लेती है
sonie
26-04-2011, 01:46 PM
में अपनी बीवी और उसकी माताजी के साथ एक साथ सेक्स करना चाहूँगा . उसकी माँ मेरा लंड चूसे और मेरी बीवी उसकी छूट में ऊँगली करे . दूसरी फंतासी में में अपनी कामवाली की मुलायम गांड को उसके पति के सामने खोल कर मारूंगा .उसका पति मुझे उसके स्तनों का दूध पिलाये तो मज़ा आ जाये
अपनी कामवाली के बारे में कुछ बताइए न... आपकी बातों से लगता है मस्त चीज है... उसकी गांड ही क्यों मरना चाहते हैं और चूत क्यों नहीं... उसकी चुचियों में ऐसी क्या बात है... जो आप दूध पिने को इतने उतावले हैं...
जरा खुल कर बताएं... कैसे अपने हलब्बी लंड के नीचे अपनी कामवाली बाई को लाना चाहेंगे...
sonie
26-04-2011, 02:15 PM
dfd _007 के सपनो के बारे में सोच ही रही थी कि एक नया सा सपना कौंधा मेरे दिल-ओ-दिमाग में ..... मैं इनकी कामवाली हूँ और रोज इनके घर काम करने आती हूँ... कपडे धोते समय साहब का अन्डरविअर हाथ में आते ही चूत की नशे तन जाती हैं... अन्डर विअर में लगे वीर्य के सूखे दागों को अँगुलियों से छूती हूँ और मालकिन की नजर बजा कर जीभ से चाट भी लेती हूँ.... सूखे वीर्य का स्वाद और गंध मेरे होश छीन लेते है | कभी कभी साहब का अन्डर विअर पैंटी के अन्दर अपनी चूत में घुसा लेती हूँ. साहब के चार अन्डर विअर चोरी करके ले जा चुकी हूँ... ये वोही अन्डर विअर हैं जिन में साहेब न जाने किसके बारे में सोच सोच कर मुठ मार कर अपना माल झाड़ते हैं...
रात को साहब का अंडरविअर अपनी चूत में रगड़ रगड़ कर झडती हूँ... साहब कि चड्ढी मेरे रस में भीग जाती है और फिर उस भीगी चड्ढी को मुह में ले कर चुस्ती हूँ... साहब का सुखा वीर्य मेरी चूत के रस में घुल जैसे फिर से ताजा हो जाता है... कल्पना करती हूँ कि साहेब अपना लौंडा मेरे मुह में डाल चोद रहे हैं और मेरे मुह में झड रहे हैं...
sonie
26-04-2011, 03:24 PM
क्या सोनी जी आप भी मेरा लाँड़ हाजिर है ना आपके मुह मे झड़ने के लिए । और हा जब मै अपना माल आपके मुह मे निकलता रहू तब आप मेरे अंडो को दबाते हुए मेरे गांद के छेद मे अपनी प्यारी सी उंगली दाल के हिलाये तो मज़ा आ जाए। सच मे आपकी गीली चुत की कसम
जनाब पहले ये तो फैसला कर लें... मैं या पूजा
slimsima
26-04-2011, 05:12 PM
कौन है वो खुशनसीब
जिसकी झलक आपको आइना दिखलाता है
कौन है वो फरिस्ता
जिसकी आँखों में आपका अक्श बस जाता है
कौन है वो सजीला
जिसकी याद में आपकी चूत बहने लगती है
कौन है वो रसीला
जिसके मलाईदार रस को पिने आपकी जीभ चटखारे लेती है
न कभी आईने ने उसकी शकल दिखाई
न अपनी आँखों में उसका कभी दीदार किया
न कभी उसको उन्मत प्रेम किया न कभी उसका कोई रस पिया
जिंदगी में मुश्किल पथरीले रास्तों से जब रस की फुहार निकली
तब हमने जाना किसे कहतें हे प्रियतम, साजन ,पिया
Ranveer
26-04-2011, 05:27 PM
न कभी आईने ने उसकी शकल दिखाई
न अपनी आँखों में उसका कभी दीदार किया
न कभी उसको उन्मत प्रेम किया न कभी उसका कोई रस पिया
जिंदगी में मुश्किल पथरीले रास्तों से जब रस की फुहार निकली
तब हमने जाना किसे कहतें हे प्रियतम, साजन ,पिया
बेहतरीन ..................:clap:
ashu.amb2009
26-04-2011, 05:54 PM
जनाब पहले ये तो फैसला कर लें... मैं या पूजा
मैडम प्यार और चुदाई मई पहले और बाद नहीं देखा जाता । प्यार मे पहले दिल देखा जाता है । और चुदाई मे लड़के के लाँड़ की मोटाई । और मेरा लाँड़ आपकी चुत को चोद चोद के मतवाली कर देगा ये वादा है मेरा आपसे
playboynight
26-04-2011, 06:02 PM
काफी अच्छा संग्रह है...
spyware
26-04-2011, 06:57 PM
खास सोनी जी के लिए -
" दर्द को भी दर्द होने लगा
दर्द खुद ही मेरे घाव धोने लगा
दर्द के लिए मै ना रोया
लेकिन दर्द मुझे छू कर खुद ही रोने लगा "
सोनी जी मई आप का दीवाना हु। खासकर आपकी कल्पनाओ का । क्या मै अपनी कल्पना आपको सोचते हुए बना सकता हु। अगर आप इजाजत दे तो और ये यकीन मानिए मेरी कल्पना आपको सबसे ज्यादा पसंद आएगी। आपके जवाब के इंतज़ार मे आपका दीवाना
मेरी सबसे बड़ी इच्छा जो कब से दिल में दबी है की मैं जीवन का कम से कम १ हफ्ता अपने हिसाब से जियूं
न सवाल न जवाब , न आंसू न दर्द
न दिन का होश, न रात की खबर
न उम्मीदों का बोझ , न अधुरे सपनों का गम
न रिश्तों की टीस, न यारों की बेवफाई
सुबह जब आँख खुले तो दिल में उमंगें हों , न की अधूरे काम का बोझ !
रात प्यार में कटे, किसी बंदिश में नहीं
रिश्ता दिल का हो , समाज के भय से नहीं
ये सपना ही सही ...मैं ये सोच के खुश हूँ ..की ये बात दिल से निकली तो सही
dfd_007
30-04-2011, 05:29 PM
देखिये मेरी कामवाली की उम्र ३५ साल है और में उसे पिछले १०-१५ साल से देख रहा हूँ , वो तीन बचों की माँ है और हर रोज़ सुबह अपना दुपट्टा उतार कर बर्तन धोती है. उसकी गांड में ख़ास बात यह है की वो बहुत उठी हुई है और अपनी तरफ खींचती हैं. गाँव में रहने वाली औरतें वैसे हे बड़ी सेक्सी होती हैं . मेने कई बात जानबूज कर उसकी गांड में ऊँगली दी है और उसने कुछ नहीं बोला. उसके स्तन आज भी उतने हे टाईट हैं जितने पहले थे. मेने एक बार सेक्स के नशे में उसका लेफ्ट स्तन दबाया था और यकीन कीजये वो इतना मुलायम था.बाद में मुझे सॉरी बोलना पढ़ा और आश्चर्य है की उसने बोला कुछ नहीं होता. वो काले रंग की ब्रा पहनती है और मुझसे एक्स्ट्रा पैसे भी ले लेती है . उसका पति शराब पीता है और उसे मारता है . सोचिये अगर उसे उसके पति के सामने छोड़ा जाये तो कितना मज़ा आये मेने उससे कई बार इशारों इशारों में गाँव का फ्रेश दूध पीने की बात कही पर वो टाल जाती है. क्या आपको लगता है मुझे उसे चोदना चाहिए ?
अपनी कामवाली के बारे में कुछ बताइए न... आपकी बातों से लगता है मस्त चीज है... उसकी गांड ही क्यों मरना चाहते हैं और चूत क्यों नहीं... उसकी चुचियों में ऐसी क्या बात है... जो आप दूध पिने को इतने उतावले हैं...
जरा खुल कर बताएं... कैसे अपने हलब्बी लंड के नीचे अपनी कामवाली बाई को लाना चाहेंगे...
sonie
04-05-2011, 08:12 PM
देखिये मेरी कामवाली की उम्र ३५ साल है और में उसे पिछले १०-१५ साल से देख रहा हूँ , वो तीन बचों की माँ है और हर रोज़ सुबह अपना दुपट्टा उतार कर बर्तन धोती है. उसकी गांड में ख़ास बात यह है की वो बहुत उठी हुई है और अपनी तरफ खींचती हैं. गाँव में रहने वाली औरतें वैसे हे बड़ी सेक्सी होती हैं . मेने कई बात जानबूज कर उसकी गांड में ऊँगली दी है और उसने कुछ नहीं बोला. उसके स्तन आज भी उतने हे टाईट हैं जितने पहले थे. मेने एक बार सेक्स के नशे में उसका लेफ्ट स्तन दबाया था और यकीन कीजये वो इतना मुलायम था.बाद में मुझे सॉरी बोलना पढ़ा और आश्चर्य है की उसने बोला कुछ नहीं होता. वो काले रंग की ब्रा पहनती है और मुझसे एक्स्ट्रा पैसे भी ले लेती है . उसका पति शराब पीता है और उसे मारता है . सोचिये अगर उसे उसके पति के सामने छोड़ा जाये तो कितना मज़ा आये मेने उससे कई बार इशारों इशारों में गाँव का फ्रेश दूध पीने की बात कही पर वो टाल जाती है. क्या आपको लगता है मुझे उसे चोदना चाहिए ?
हाय मर जावां, गांड का क्या मस्त वर्णन किया है... अब तो छोड़ क्यों रखा है... घुसेड ही दीजिये अब तो... उसके पति जब इतने बड़े शराबी हैं और उसे मारते भी हैं तो उनके सामने चोदोगे तो गड़बड़ हो जाएगी... बेचारी की जमकर कुटाई न हो है.. चुदाई के बहाने... अकेले में ही चोद लो यार
sonie
04-05-2011, 08:17 PM
खास सोनी जी के लिए -
" दर्द को भी दर्द होने लगा
दर्द खुद ही मेरे घाव धोने लगा
दर्द के लिए मै ना रोया
लेकिन दर्द मुझे छू कर खुद ही रोने लगा "
सोनी जी मई आप का दीवाना हु। खासकर आपकी कल्पनाओ का । क्या मै अपनी कल्पना आपको सोचते हुए बना सकता हु। अगर आप इजाजत दे तो और ये यकीन मानिए मेरी कल्पना आपको सबसे ज्यादा पसंद आएगी। आपके जवाब के इंतज़ार मे आपका दीवाना
मैं तो हूँ आपकी कल्पनाओं में... बताइये न क्या क्या करना चाहेंगे आप मेरे साथ... कैसे चोदना चाहेंगे मुझे... प्लीज इतनी जोर से चूचियां न मसलें - दर्द होता है... कितने तीखे दांत हैं कैसे निशान बना डाले मेरे गालो पे... इतना मोटा लौंडा है आपका - धीरे धीरे डालियेगा........... मार डाला - एक बार में ही घुसेड दिया... अब चोदिये...जोर जोर से... हाँ..
sonie
04-05-2011, 08:19 PM
मैडम प्यार और चुदाई मई पहले और बाद नहीं देखा जाता । प्यार मे पहले दिल देखा जाता है । और चुदाई मे लड़के के लाँड़ की मोटाई । और मेरा लाँड़ आपकी चुत को चोद चोद के मतवाली कर देगा ये वादा है मेरा आपसे
किसका इन्तेजार है... चूत तो मारे चुदास के पानी छोड़े जा रही है और आप बातों में लगे हैं.... फाड़ दीजिये ना....
sonie
04-05-2011, 08:46 PM
मैं सोनी
भोली भाली
सोचती थी
चूत और लंड
मूतने के लिए है
क्या पता था
कि ये गढ़
जीतने के लिए हैं.
एक दिन सरेराह
राजा मिला
सर पर पेचा बांधे
घोड़े पे
अकड़ा था खड़ा
अचानक मैंने देखा
घोड़े का लंड
हाथ भर लम्बा
मेरे बाजूबंद कि गोलाई से
कुछ ज्यादा ही बड़ा
मैं खोई खोई सी
बस देखे जा रही थी
पता ही नहीं चला
कब राजा उतरा
मेरी घघरी उठाई
और चूत सहलाने लगा
मैं पगलाने लगी
घोड़े सी
हिनहिनाने लगी
वहीँ खेत में
राजा ने लिटा दिया
मुझे मादरजात
नंगी कर
मेरी अनचुदी चूत में
लौंडा घुसा दिया..
फिर क्या हुआ
नहीं बताउंगी
शर्म आती है
बताते बताते
अगर गर्मी चढ़ी
तो घघरी उठा
यही पसर जाउंगी
Powered by vBulletin® Version 4.1.12 Copyright © 2012 vBulletin Solutions, Inc. All rights reserved.